5 अग॰ 2018

Best Hindi Gospel Music | परमेश्वर की एकमात्र इच्छा है कि इंसान उसकी बात सुने और माने

Best Hindi Gospel Music | परमेश्वर की एकमात्र इच्छा है कि इंसान उसकी बात सुने और माने


जबसे परमेश्वर ने कई साल पहले बनाया इस दुनिया को, तबसे किया है बहुत काम उसने इस धरती पर, मानवता के सबसे बुरे तिरस्कार को सहा है, सही हैं उसने झूठी निंदा। किसी ने भी पृथ्वी पर परमेश्वर के आगमन का स्वागत नहीं किया। सबने उसे अनादर के साथ ठुकरा दिया। उसने सहीं हैं हज़ारों सालों की कठिनाइयां। मनुष्य के आचरण ने बहुत पहले तोड़ दिया उसका दिल। मनुष्य के विद्रोह पर वो अब ध्यान देता नहीं, बल्कि उन्हें बदलने और शुद्ध करने की योजना है उसकी।
देहधारी परमेश्वर ने सहा है काफ़ी उपहास, किया है अनुभव बहिष्कार और सूली पर चढ़ने का। सहा है उसने मनुष्य की दुनिया के सबसे बुरे दुखों को। स्वर्ग में पिता सह न पाए इसे। उसने झटका पीछे अपना सिर, बंद कर ली अपनी आँखें, अपने प्रिय पुत्र की वापसी का इंतज़ार करने के लिए। परमेश्वर की एकमात्र इच्छा है इंसान सुने और माने उसकी बात। उसकी देह के सामने हो शर्मसार और विद्रोह न करे। उसकी है यही एकमात्र इच्छा आज सभी लोगों से, वे करें बस विश्वास कि है परमेश्वर का अस्तित्व। परमेश्वर ने बहुत पहले मनुष्य से मांगना छोड़ दिया। जो कीमत उसने चुकाई, वो है पहले ही बहुत अधिक। फिर भी मनुष्य करता है आराम, मानो देख पाता नहीं वो परमेश्वर के कार्य को। परमेश्वर की एकमात्र इच्छा है इंसान सुने और माने उसकी बात। उसकी देह के सामने हो शर्मसार और विद्रोह न करे। उसकी है यही एकमात्र इच्छा आज सभी लोगों से, वे करें बस विश्वास कि है परमेश्वर का अस्तित्व। "वचन देह में प्रकट होता है" से
चमकती पूर्वी बिजली, सर्वशक्तिमान परमेश्वर की कलीसिया का सृजन सर्वशक्तिमान परमेश्वर के प्रकट होने और उनका काम, परमेश्वर यीशु के दूसरे आगमन, अंतिम दिनों के मसीह की वजह से किया गया था। यह उन सभी लोगों से बना है जो अंतिम दिनों में सर्वशक्तिमान परमेश्वर के कार्य को स्वीकार करते हैं और उसके वचनों के द्वारा जीते और बचाए जाते हैं। यह पूरी तरह से सर्वशक्तिमान परमेश्वर द्वारा व्यक्तिगत रूप से स्थापित किया गया था और चरवाहे के रूप में उन्हीं के द्वारा नेतृत्व किया जाता है। इसे निश्चित रूप से किसी मानव द्वारा नहीं बनाया गया था। मसीह ही सत्य, मार्ग और जीवन है। परमेश्वर की भेड़ परमेश्वर की आवाज़ सुनती है। जब तक आप सर्वशक्तिमान परमेश्वर के वचनों को पढ़ते हैं, आप देखेंगे कि परमेश्वर प्रकट हो गए हैं।

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